Rupayon Ka Paudha Jagannath Shrirang Bhagat
‘‘मेरे पंख कितने खूबसूरत हैं,’’ ब्यूटी ने खुद से कहा और फूली न समाई. इतने में एक आवाज ने उस का ध्यान खींच लिया. उस ने देखा जिस फूल से वह पराग ले कर जा रही थी, उस के नीचे से घोंघू घोंघा जा रहा था.
© 2019 Storyside IN (Audiobook): 9789353642143
Release date
Audiobook: 8 May 2019